झुंड से बिछड़कर हरिद्वार के अस्पताल में घुसा जंगली हाथी, मची अफरा तफरी – ELEPHANT IN HARIDWAR HOSPITAL

हरिद्वार के जया मैक्सवेल अस्पताल में घुसा हाथी: जानकारी के मुताबिक एक जंगली हाथी जंगल से निकलकर हरिद्वार के जया मैक्सवेल अस्पताल में घुस आया. पहले हाथी ने अस्पताल की दीवार तोड़ी. फिर अस्पताल में दाखिल हो गया. हाथी को देखकर मौके पर अफरा तफरी मच गई. अस्पताल के स्टाफ ने भागकर अपनी जान बचाई. हाथी के डर से आसपास के लोग अपनी छतों पर चढ़ गए. इसी बीच लोगों ने यह नजारा अपने मोबाइल में कैद कर लिया. इसके बाद हाथी के अस्पताल में घुसने का वीडियो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है.

वन विभाग ने हाथी को जंगल भेजा: इस बारे में जानकारी देते हुए हरिद्वार के रेंज अधिकारी शैलेंद्र सिंह नेगी ने बताया कि-

हाथी के आने की सूचना वन विभाग को प्राप्त हो गई थी. जिसके बाद मौके पर वन विभाग की टीम पहुंची और हाथी को जंगल की ओर भेज दिया गया. उन्होंने बताया कि यह हाथी अपने झुंड से बिछड़ गया था. इस कारण वह भटक कर रिहायशी इलाके में आ गया. फिलहाल हमारी टीमें लगातार इस हाथी की मॉनिटरिंग कर रही हैं और इसके झुंड को भी ढूंढने का प्रयास किया जा रहा है.
-शैलेंद्र सिंह नेगी, रेंज अधिकारी, हरिद्वार-

हरिद्वार में आते रहते हैं वन्य जीव: आपको बता दें कि हरिद्वार का ज्यादातर इलाका राजाजी पार्क के जंगल से सटा होने के कारण आए दिन जंगली जीवों की आवाजाही रिहायशी इलाकों में देखी जाती है. रेंज अधिकारी शैलेंद्र नेगी ने बताया कि इसके लिए वन विभाग कार्य कर रहा है. वन विभाग द्वारा कई क्विक रिस्पांस टीम में भी बनाई गई हैं. ये टीमें लगातार 24 घंटे आसपास की चौकियों में तैनात रहती हैंं. इसी के साथ बंबू फेंसिंग हो या फिर दीवार बनाना, वन विभाग जंगल के उन क्षेत्रों को चिन्हित कर जहां से यह वन्य जीव शहर की ओर आ रहे हैं, वहां पर दीवार बनाने का भी कार्य करेगा.

8 महीने में 9 बार रिहायशी इलाकों में आए हाथी: पिछले 8 महीने में 9 बार हाथी हरिद्वार के रिहायशी इलाकों में घुस चुके हैं. ये वो घटनाएं हैं जब हाथी की आवाजाही लोगों ने देखी या सीसीटीवी में कैद हुई. इसके अलावा अनगिनत बार हाथी हरिद्वार की कॉलोनियों में धमक चुके हैं. 2 सितंबर 2024 को तो खेत की रखवाली कर रहे किसान को हाथी ने सूंड से उठाकर पटका और उसकी जान ले ली थी.

श्रीनगर के बेस अस्पताल में घुसा था गुलदार: उत्तराखंड के अस्पतालों में वन्य जीवों के घुसने की ये कोई पहली घटना नहीं है. पिछले साल पौड़ी गढ़वाल के श्रीनगर स्थित बेस अस्पताल में एक गुलदार घुस गया था. गुलदार के अस्पताल में घुसते ही वहां हड़कंप मच गया था. गनीमत की बात ये थी कि गुलदार रात में बेस अस्पताल में घुसा था. अगर दिन की वो घटना होती तो भीड़भाड़ में वो कई लोगों पर हमला कर सकता था.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *