हल्द्वानी: काठगोदाम थाना क्षेत्र स्थित एक होटल में आत्महत्या करने वाले किसान सुखदेव सिंह का शव पोस्टमार्टम के बाद जब उनके पैतृक नगर काशीपुर पहुंचा तो परिजनों में कोहराम मच गया. शव के पहुंचते ही बड़ी संख्या में किसान, रिश्तेदार और स्थानीय लोग मौके पर एकत्र हो गए. इस दौरान परिजनों ने सरकार और प्रशासन के सामने तीन अहम मांगें रखते हुए चेतावनी दी कि यदि तय समय तक कार्रवाई नहीं हुई तो बड़ा आंदोलन किया जाएगा.
हल्द्वानी के काठगोदाम गौलापार स्थित एक होटल में खुद को गोली मारकर आत्महत्या करने वाले किसान का शव देर शाम काशीपुर पहुंचा. इस दौरान मृतक के घर पर लोगों का जमावड़ा लग गया. भारी संख्या में किसान उनके घर पहुंचे. इस दौरान परिजनों का कहना है कि मृतक सुखदेव सिंह ने आत्महत्या से पहले एक वीडियो बनाई थी, जिसमें उन्होंने अपनी मौत के लिए कुछ लोगों और अधिकारियों को जिम्मेदार ठहराया है. पहली मांग के तहत परिजनों ने कहा कि मृतक द्वारा बनाई गई इस वीडियो को ठोस साक्ष्य (एविडेंस) माना जाए और वीडियो में जिन अधिकारियों या अन्य व्यक्तियों पर आरोप लगाए गए हैं, उनके खिलाफ तत्काल मुकदमा दर्ज कर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए.
अगली मांग पर परिजनों और किसानों ने आरोप लगाया कि सुखदेव सिंह के साथ कुछ लोगों द्वारा ठगी की गई थी, जिससे वह मानसिक और आर्थिक रूप से पूरी तरह टूट गया था. परिजनों ने सरकार से मांग की कि ठगी करने वाले आरोपियों की संपत्तियां कुर्क कर उन्हें बेचकर ठगी की गई पूरी रकम मृतक के परिवार को वापस दिलाई जाए, ताकि परिवार को कुछ राहत मिल सके. तीसरी मांग घटना की सीबीआई जांच की है. परिजनों ने कहा कि प्रशासन को इन मांगों पर कार्रवाई के लिए आज दोपहर 12 बजे तक का समय दिया गया है. यदि तय समय सीमा के भीतर कोई ठोस निर्णय और कार्रवाई नहीं होती है, तो वे मृतक का शव थाना आईटीआई में रखकर सभी किसानों के साथ मिलकर बड़े स्तर पर प्रदर्शन किया जाएगा.
बता दें कि सीएम पुष्कर सिंह धामी ने हल्द्वानी में काशीपुर के किसान आत्महत्या मामले में मजिस्ट्रेट जांच के आदेश दे दिए हैं. जांच कुमाऊं कमिश्नर दीपक रावत को सौंपी गई है. वहीं कांग्रेस काशीपुर के किसान की आत्महत्या मामले में सरकार पर हमलावर है.